केदारनाथ धाम की यात्रा के दूसरे चरण में श्रद्धालुओं के लिए राहत भरी खबर है। बरसात के दौरान लंबे अंतराल तक बंद रहने के बाद मंगलवार, 15 सितंबर से केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवाएं दोबारा शुरू हो गईं। सुबह मौसम साफ होते ही केदारघाटी के विभिन्न हेली पैड से धाम के लिए हेलीकॉप्टरों का संचालन शुरू कर दिया गया। हेली उड़ानों के फिर से शुरू होने के साथ ही केदारघाटी के हेली पैडों पर रौनक लौट आई है और हेली सेवा का लाभ लेने वाले श्रद्धालुओं की आवाजाही भी बढ़ने लगी है। यात्रा के दूसरे चरण में हेली सेवा शुरू होने से केदारनाथ धाम पहुंचने वाले तीर्थयात्रियों को बड़ी सुविधा मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही चारधाम यात्रा के प्रमुख पड़ाव केदारनाथ में यात्रियों की संख्या और गतिविधियों में भी तेजी आने की संभावना जताई जा रही है। बरसात के मौसम में प्रतिकूल मौसम और सुरक्षा कारणों से केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवाओं का संचालन कुछ समय के लिए बंद कर दिया गया था। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बदलते मौसम, बारिश और अन्य मौसमी परिस्थितियों को देखते हुए हेली उड़ानों का संचालन सुरक्षा मानकों के अनुरूप किया जाता है। ऐसे में यात्रा के दूसरे चरण के लिए हेली सेवाओं को दोबारा शुरू करने से पहले संबंधित व्यवस्थाओं की जांच और जरूरी औपचारिकताएं पूरी की गईं। अब मौसम में सुधार के साथ हेली कंपनियों ने अपनी सेवाएं फिर से शुरू कर दी हैं।
मंगलवार सुबह मौसम साफ होने के बाद केदारघाटी के प्रमुख हेली पैडों से हेलीकॉप्टरों ने केदारनाथ धाम के लिए उड़ान भरी। लंबे समय से हेली सेवा का इंतजार कर रहे श्रद्धालुओं के लिए यह शुरुआत महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हेली सेवा के जरिए श्रद्धालु कम समय में केदारनाथ धाम पहुंच सकते हैं। खासकर बुजुर्ग, बच्चों के साथ यात्रा करने वाले तीर्थयात्री और पैदल मार्ग पर चलने में असमर्थ श्रद्धालुओं के लिए यह सुविधा उपयोगी साबित होती है। हेली सेवा शुरू होने से पैदल यात्रा और अन्य माध्यमों के साथ ही धाम तक पहुंचने का एक और विकल्प उपलब्ध हो गया है। यात्रा के दूसरे चरण में हेली सेवा को लेकर श्रद्धालुओं में पहले से ही उत्साह दिखाई दे रहा था। यूकाडा की ओर से 15 सितंबर से 30 सितंबर तक कुल 16 दिनों के लिए ऑनलाइन टिकट जारी किए गए हैं। खास बात यह है कि इस अवधि के सभी ऑनलाइन टिकट पहले ही बुक हो चुके हैं। इससे केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवा की मांग का अंदाजा लगाया जा सकता है। टिकटों की बुकिंग पूरी होने से यह भी स्पष्ट होता है कि यात्रा के दूसरे चरण में बड़ी संख्या में श्रद्धालु हेली सेवा के माध्यम से बाबा केदार के दर्शन करने की तैयारी में हैं।
हेली सेवा के टिकटों की बुकिंग पूरी होने के बाद अब श्रद्धालुओं को निर्धारित तिथियों के अनुसार यात्रा करनी होगी। हेली सेवा का लाभ लेने वाले यात्रियों के लिए समय पर हेली पैड पहुंचना और यात्रा से संबंधित आवश्यक निर्देशों का पालन करना जरूरी होगा। पर्वतीय क्षेत्र में मौसम की परिस्थितियां तेजी से बदल सकती हैं। ऐसे में उड़ानों का संचालन मौसम और सुरक्षा मानकों के अनुरूप ही किया जाएगा। श्रद्धालुओं को यात्रा से पहले संबंधित हेली कंपनी की ओर से जारी निर्देशों की जानकारी लेने की सलाह दी जाती है। केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवाओं की शुरुआत से केदारघाटी के स्थानीय कारोबार को भी गति मिलने की उम्मीद है। हेली पैडों के आसपास संचालित होटल, होम स्टे, भोजनालय, दुकानें और अन्य यात्रा संबंधी गतिविधियां श्रद्धालुओं की आवाजाही से जुड़ी रहती हैं। हेली सेवा बंद रहने के दौरान इन गतिविधियों पर भी असर पड़ता है। अब उड़ानें शुरू होने के बाद श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ने से स्थानीय व्यापारियों और सेवा प्रदाताओं को भी लाभ मिलने की संभावना है। केदारघाटी में यात्रा से जुड़े लोगों के लिए हेली सेवाओं का संचालन महत्वपूर्ण आर्थिक गतिविधि का माध्यम है।
दूसरे चरण की यात्रा में हेली सेवा शुरू होने से केदारनाथ धाम जाने वाले श्रद्धालुओं के सामने यात्रा के विकल्प बढ़ गए हैं। जो यात्री पैदल मार्ग से यात्रा करने में सक्षम हैं, वे पैदल यात्रा कर सकते हैं, जबकि हेली सेवा के माध्यम से कम समय में धाम पहुंचने की इच्छा रखने वाले श्रद्धालु हेली उड़ानों का लाभ उठा सकते हैं। हालांकि हेली सेवा की उपलब्धता टिकटों और मौसम पर निर्भर करती है। सभी यात्रियों को अपनी यात्रा की योजना पहले से तैयार करने और निर्धारित नियमों का पालन करने की सलाह दी जाती है।
डीजीसीए के निरीक्षण के बाद आठ कंपनियों को मिली उड़ान की अनुमति
केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवाओं का संचालन शुरू होने से पहले नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) की ओर से संबंधित हेली कंपनियों की व्यवस्थाओं और सुरक्षा मानकों का निरीक्षण किया गया। उड़ानों के संचालन से जुड़ी आवश्यक व्यवस्थाओं की जांच की गई। निर्धारित मानकों की जांच और जरूरी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ही संबंधित कंपनियों को उड़ान संचालन की अनुमति दी गई। इससे हेली सेवाओं के संचालन में सुरक्षा को प्राथमिकता दिए जाने की बात सामने आती है।
केदारनाथ धाम के लिए केदारघाटी के तीन प्रमुख सेक्टरों से कुल आठ हेली कंपनियां सेवाएं दे रही हैं। गुप्तकाशी सेक्टर से ट्रांस भारत और चिप्सन हेली श्रद्धालुओं को हेली सेवा उपलब्ध करा रही हैं। फाटा सेक्टर से थम्बी हेली, राजश हेली एविएशन, यूनाइटेड हेली और पिलग्रिम हेली एविएशन द्वारा उड़ानों का संचालन किया जा रहा है। वहीं शेरसी सेक्टर से हिमालय हेली और एरो एविएशन श्रद्धालुओं को केदारनाथ धाम पहुंचाने के लिए हेली सेवा दे रही हैं।
तीनों सेक्टरों से हेली सेवाओं के संचालन के कारण श्रद्धालुओं को अलग-अलग स्थानों से केदारनाथ धाम पहुंचने का विकल्प मिल रहा है। गुप्तकाशी, फाटा और शेरसी के हेली पैड केदारनाथ यात्रा के लिए महत्वपूर्ण केंद्र हैं। इन स्थानों से हेली सेवाओं का संचालन होने से यात्रियों को अपनी सुविधा के अनुसार यात्रा की योजना बनाने में मदद मिलती है। हेली पैडों पर उड़ानों की शुरुआत के साथ ही यात्रियों की आवाजाही बढ़ने लगी है और यात्रा से जुड़ी गतिविधियों में भी तेजी आने की उम्मीद है।
यूकाडा की ओर से श्रद्धालुओं को हेली सेवा के टिकटों की बुकिंग को लेकर विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई है। यात्रियों से कहा गया है कि हेली सेवा के टिकट केवल अधिकृत आईआरसीटीसी वेबसाइट के माध्यम से ही बुक किए जाएं। किसी भी अनधिकृत एजेंट या वेबसाइट के माध्यम से टिकट बुक न करने की सलाह दी गई है। हेली सेवा की बढ़ती मांग को देखते हुए ठगी की आशंका से बचने के लिए आधिकारिक माध्यम से ही टिकट बुक करना जरूरी है।
श्रद्धालुओं को सलाह दी गई है कि टिकट बुक करने से पहले वेबसाइट की प्रामाणिकता की जांच करें और किसी अनजान व्यक्ति या एजेंट को भुगतान करने से बचें। ऑनलाइन बुकिंग के दौरान किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि सामने आने पर सावधानी बरतनी चाहिए। आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से टिकट बुक करने से यात्रियों को सही प्रक्रिया के तहत सेवा प्राप्त करने में मदद मिलेगी। हेली सेवा से जुड़ी जानकारी के लिए अधिकृत माध्यमों से ही जानकारी लेने की सलाह दी गई है।
केदारनाथ यात्रा के दूसरे चरण में हेली सेवाओं का संचालन शुरू होने से श्रद्धालुओं में उत्साह बढ़ा है।
15 सितंबर से 30 सितंबर तक के सभी ऑनलाइन टिकट बुक होने के कारण हेली सेवा की मांग पहले से ही मजबूत दिखाई दे रही है। मौसम साफ रहने और सुरक्षा मानकों के अनुरूप उड़ानों का संचालन जारी रहने पर यात्रा के दूसरे चरण में श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ सकती है। केदारघाटी में हेली पैडों की रौनक लौटने के साथ ही स्थानीय कारोबार और यात्रा से जुड़ी गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है। बाबा केदार के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं के लिए हेली सेवा की यह शुरुआत दूसरे चरण की यात्रा को और सुगम बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।


















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